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ट्रंप बोले- नोबेल मिले या न मिले, मैंने शांति के लिए बहुत कुछ किया; समिति पर भी साधा निशाना

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर नोबेल शांति पुरस्कार के लिए अपनी दावेदारी पेश की है। ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने अपने कार्यकाल में आठ युद्धों को खत्म कराने में भूमिका निभाई और कई अन्य संघर्षों को टालने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि यदि इतने प्रयासों के बावजूद उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार नहीं दिया जाता है, तो इससे पुरस्कार देने वाली समिति की साख पर सवाल उठेंगे।

ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि उन्होंने ऐसे काम किए हैं, जिनकी मिसाल पहले नहीं मिलती। उन्होंने दावा किया कि किसी अमेरिकी राष्ट्रपति ने इससे पहले इतने युद्धों को खत्म कराने का काम नहीं किया।

नोबेल समिति पर भी साधा निशाना

ट्रंप ने कहा कि पुरस्कार मिले या न मिले, वह शांति के लिए अपना काम जारी रखेंगे। हालांकि, उन्होंने संकेत दिया कि अगर उनके प्रयासों को सम्मान नहीं मिलता है तो नोबेल समिति की प्रतिष्ठा प्रभावित हो सकती है।

ओबामा को मिले नोबेल पुरस्कार पर सवाल

ट्रंप ने पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा को 2009 में मिले नोबेल शांति पुरस्कार का भी जिक्र किया। उन्होंने सवाल उठाया कि ओबामा को राष्ट्रपति बनने के कुछ ही समय बाद यह सम्मान क्यों दिया गया था। ट्रंप ने कहा कि उन्हें आज तक यह समझ नहीं आया कि उस समय ओबामा ने ऐसा क्या किया था, जिसके लिए उन्हें नोबेल पुरस्कार दिया गया।

मारिया कोरिना मचाडो का भी किया जिक्र

ट्रंप ने पिछले साल नोबेल शांति पुरस्कार जीतने वाली वेनेजुएला की नेता मारिया कोरिना मचाडो का भी उल्लेख किया। ट्रंप के मुताबिक, मचाडो ने उन्हें शांति पुरस्कार का हकदार बताया था। उन्होंने दावा किया कि मचाडो ने ओवल ऑफिस में उनसे मुलाकात के दौरान अपना सम्मान उन्हें समर्पित किया था।

टैरिफ को बताया दबाव बनाने का जरिया

ट्रंप ने अपने शांति प्रयासों में टैरिफ की धमकी को भी अहम बताया। उनका कहना है कि कई मामलों में आर्थिक दबाव का इस्तेमाल करके संभावित संघर्षों को रोकने में मदद मिली। उन्होंने दावा किया कि इसी रणनीति के जरिए उन्होंने कई देशों को ऐसे कदम उठाने से रोका, जिनसे तनाव बढ़ सकता था।

नोबेल शांति पुरस्कार की घोषणा शुक्रवार को नॉर्वे की नोबेल समिति करेगी। ऐसे में घोषणा से पहले ट्रंप के ताजा बयान ने एक बार फिर उनके नोबेल दावे को चर्चा में ला दिया है।

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