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प्रदेश के गौ पालकों को स्वावलंबी बनाएगी योगी सरकार

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के गौ पालकों की आय बढ़ाने, अात्मनिर्भर बनाने एवं स्वदेशी नस्ल की गायों के प्रति रुझान बढ़ाने के लिए नन्द बाबा दुग्ध मिशन के द्वितीय चरण को हरी झंडी दे दी है। ऐसे में योगी सरकार मिशन के तहत विभिन्न योजनाओं को परवान चढ़ाने के लिए वित्तीय वर्ष 2024-25 में 74 करोड़ 21 लाख रुपये खर्च करेगी। इससे प्रदेश के दस हजार से अधिक गौ पालकों को लाभ मिलेगा और उनकी आय में वृद्धि होगी।

2566 लाभार्थियों को मिलेगा मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ संवर्धन का लाभ, खर्च होंगे 2052.40 लाख
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गौ पालकों की आय बढ़ाने एवं स्वदेशी नस्ल की गायों के प्रति रुझान बढ़ाने के लिए पिछले वर्ष नन्द बाबा दुग्ध मिशन को लांच किया था। सीएम योगी ने इस पंचवर्षीय मिशन के लिए 1 हजार करोड़ रुपये के फंड का प्राविधान किया था। इसी के तहत सीएम योगी ने मिशन के दूसरे चरण को हरी झंडी दे दी है। सीएम योगी के इस कदम से वर्तमान वित्तीय वर्ष में 2566 लाभार्थियों को मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ संवर्धन योजना का लाभ मिलेगा। इसके लिए 2052.40 लाख का बजट प्राविधानित है। इसी तरह मुख्यमंत्री प्रगतिशील पशुपालक प्रोत्साहन योजना का 7028 लोगों को लाभ मिलेगा। इसके लिए 790 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे। वहीं नन्दिनी कृषक समृद्धि योजना का 90 लाभर्थियों को लाभ मिलेगा। इस योजना में 1015 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे। इसके अलावा 330 प्रारंभिक दुग्ध सहकारी समितियों के गठन का लक्ष्य रखा गया है। इस मद में 722.70 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे। गौ पालकों को पशु स्वास्थ्य एवं दुग्ध गुणवत्ता के लिए 621 परीक्षण किट वितरित की जाएंगी। इसके लिए 25 लाख की धनराशि आवंटित की गयी है। प्रदेश के डेयरी हित धारकों की डेयरी की क्षमता बढ़ाने के लिए 1447 डेयरी धारकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसके लिए 64.30 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे।

नन्दिनी कृषक समृद्धि योजना पर खर्च किये जाएंगे 1730.08 लाख
मिशन के तहत साएलेज / हे / टीएमआर मेकिंग के अध्ययन एवं ट्रेनिंग नीड एसेसमेंट (टीएनए) की योजना के लिए 35 लाख आवंटित किये गये हैं। राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत संचालित एबीआईपी-आईबीएफ ईटीटी योजना का 200 लोगों को लाभ दिया जाएगा, जिस पर 25 लाख खर्च किये जाएंगे। नन्द बाबा दुग्ध मिशन पोर्टल को विकसित करने के लिए 60 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे। वहीं नन्दिनी कृषक समृद्धि योजना (नवीन योजना) का 294 लोगों को लाभ दिया जाएगा। इस मद में 1730.08 लाख खर्च किये जाएंगे। इसके अलावा स्टेट प्रोग्राम मैनेजमेंट यूनिट (एसपीएमयू) के संचालन के लिए 237.60 लाख, डिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम मैनेजमेंट यूनिट (डीपीएमयू) के 18 जनपदों में संचालन के लिए 214 लाख आवंटित किये गये हैं। इसके अलावा अति हिमीकृत वीर्य उत्पादन केंद्र, रहमानखेड़ा लखनऊ में बोवाइन पशुओं में सेक्स्ड सार्टेड सीमेन उत्पादन की परियोजना में प्रयोगशाला निर्माण के लिए 450 लाख खर्च किये जाएंगे।

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