Monday , October 26 2026
Breaking News

उत्तर प्रदेश में सोमवार को छुट्टी: वाल्मीकि जयंती पर बंद रहेंगे स्कूल, सरकारी दफ्तरों में भी रहेगा अवकाश

उत्तर प्रदेश में महर्षि वाल्मीकि जयंती के अवसर पर सोमवार, 26 अक्तूबर को सार्वजनिक अवकाश घोषित किया गया है। इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है। वाल्मीकि जयंती पर प्रदेश में स्कूलों और सरकारी कार्यालयों में छुट्टी रहेगी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कानपुर के बिठूर पहुंचेंगे, जहां वह महर्षि वाल्मीकि आश्रम में रामायण पाठ और पूजा में शामिल होंगे।

बिठूर में पूजा-अर्चना करेंगे सीएम योगी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार को बिठूर स्थित महर्षि वाल्मीकि आश्रम में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। यहां वह रामायण पाठ और पूजा-अर्चना कर महर्षि वाल्मीकि को श्रद्धासुमन अर्पित करेंगे। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, बिठूर स्थित इसी आश्रम में महर्षि वाल्मीकि ने रामायण की रचना की थी। साथ ही, माता सीता को भी यहां आश्रय मिला था। मान्यता है कि भगवान श्रीराम के पुत्र लव और कुश का जन्म भी इसी स्थान पर हुआ था।

411 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं की देंगे सौगात

बिठूर दौरे के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बिल्हौर और बिठूर विधानसभा क्षेत्रों के लिए 411 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं की सौगात देंगे। इसके अलावा, विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को सम्मानित भी किया जाएगा।

धार्मिक स्थलों के विकास पर सरकार का जोर

उत्तर प्रदेश सरकार प्रदेश की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के साथ-साथ पौराणिक स्थलों को पर्यटन के लिहाज से विकसित करने पर जोर दे रही है। इसी उद्देश्य से रामायण सर्किट और राम वन-गमन पथ के तहत अयोध्या, चित्रकूट और इटावा समेत विभिन्न क्षेत्रों में विकास कार्य कराए जा रहे हैं।

पर्यटन विभाग की ओर से महर्षि वाल्मीकि से जुड़े धार्मिक स्थलों के संरक्षण, सौंदर्यीकरण और श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित करने पर भी काम किया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ महर्षि वाल्मीकि की विरासत को सुरक्षित रखना है।

वाल्मीकि जयंती को ‘प्रकट दिवस’ के रूप में मनाता है समुदाय

उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह के अनुसार, प्रदेश में रामायण से जुड़े कई महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल हैं। सरकार रामायण सर्किट और राम वन-गमन पथ के माध्यम से इन स्थलों के विकास और संरक्षण की दिशा में काम कर रही है। वहीं, वाल्मीकि समुदाय महर्षि वाल्मीकि जयंती को ‘प्रकट दिवस’ के रूप में मनाता है।

Check Also

अयोध्या के राम मंदिर में आज ऐतिहासिक आयोजन, पहली बार मनाई जाएगी महर्षि वाल्मीकि जयंती

अयोध्या स्थित राम मंदिर परिसर में 26 अक्टूबर को पहली बार महर्षि वाल्मीकि जयंती मनाई ...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *